जब से फोल्डेबल स्मार्टफोन्स का बाजार गर्मा है, एप्पल के पहले फोल्डेबल आईफोन यानी “iPhone Fold” को लेकर काफी चर्चा हो रही है। 2025 के आखिरी महीनों से ही एप्ल टच और तकनीकी जगत के विश्लेषकों ने इसके स्पेसिफिकेशन, लॉन्च की अनुमानित तिथि और डिज़ाइन से जुड़े कई बड़े ख़ुलासे किए हैं। आज हम आपके लिए इसके हर एस्पेक्ट पर विस्तार से बात करेंगे—कब तक भारत में आ सकता है यह फोन, इसकी कीमत कितनी हो सकती है, क्या हैं इसके प्रमुख टेक्निकल पॉइंट्स और एंड्रॉयड फोल्डेबल्स से इसमें क्या अलग होगा।
कब लॉन्च हो सकता है iPhone Fold?
फिलहाल एप्पल ने सार्वजनिक रूप से iPhone Fold के बारे में कोई भी आधिकारिक जानकारी साझा नहीं की है, लेकिन विश्वसनीय विश्लेषकों जैसे मिंग-ची कुओ और ब्लूमबर्ग के मार्क गुरमान के अनुसार, इसकी मास प्रोडक्शन 2025 के अंत या 2026 की शुरुआत में शुरू हो सकती है। इसके मुताबिक, iPhone Fold की घोषणा पूरी दुनिया में लगभग सितंबर 2026 में हो सकती है, जब एप्पल अपना नया आईफोन हर साल लॉन्च करता है। हालांकि, लॉन्च की तारीख पर फिलहाल अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं है।
अनुमानित कीमत और मार्केट में पोजिशनिंग
एप्पल का पहला फोल्डेबल फोन बाज़ार का सबसे महंगा फोन हो सकता है। अमेरिका में इसकी कीमत 1,800 से 2,000 डॉलर (लगभग ₹1.55 लाख से ₹1.75 लाख) के बीच आ सकती है, लेकिन भारत में आयात शुल्क और जीएसटी की वजह से यह कीमत ₹1.75 लाख से भी ऊपर जा सकती है। यह फोन सैमसंग गैलेक्सी Z फोल्ड और अन्य प्रीमियम फोल्डेबल्स से सीधे मुकाबले में आएगा, जिसमें एप्पल अपनी सॉफ्टवेयर-हार्डवेयर एकीकरण, बेहतर ड्यूरेबिलिटी और स्क्रीन क्वालिटी के दम पर अलग पहचान बनाना चाहेगा।
डिज़ाइन और डिस्प्ले: क्या दिखेगा अलग?
iPhone Fold “बुक-स्टाइल” में आएगा, यानी इसमें एक बड़ी इनर डिस्प्ले और एक छोटी आउटर डिस्प्ले होगी। इनर स्क्रीन 7.7 से 7.8 इंच की हो सकती है, जिसमें एलटीपीओ ऐमोलेड पैनल, 120Hz रिफ्रेश रेट और HDR10+ सपोर्ट होगी। सैमसंग डिस्प्ले से मिलने वाली यह स्क्रीन जब खुलती है तो पूरी तरह फ्लैट हो, यह एप्पल का मुख्य लक्ष्य माना जा रहा है, ताकि उसमें क्रीज़ की समस्या न हो, जो फिलहाल दूसरे ब्रांड्स में दिखती है। आउटर डिस्प्ले 5.5 इंच की हो सकती है, जो कॉल, मैसेज और नोटिफिकेशन जैसे कामों के लिए उपयोगी रहेगी। फोन की बिल्ड क्वालिटी बहुत प्रीमियम होगी और फ्रेम में अमॉर्फस अलॉय, हिंज में स्टेनलेस स्टील या टाइटेनियम का इस्तेमाल हो सकता है। फोन मोटाई में थोड़ा ज्यादा हो सकता है, लेकिन यह एप्पल का पहला फोल्डेबल प्रयास होगा, जिसमें कंपनी अपना सर्वश्रेष्ठ देगी।
हार्डवेयर, प्रोसेसर, रैम, स्टोरेज: क्या होगा स्पेसिफिकेशन?
iPhone Fold में एप्पल का नया “A19 Pro” प्रोसेसर (3nm) लगेगा, जो आज के टॉप आईफोन्स में लगने वाले “A17 Pro/A18 Pro” से भी बेहतर होगा। रैम 10 से 12GB LPDDR5X हो सकती है और स्टोरेज 128GB, 256GB, 512GB और 1TB NVMe के ऑप्शन्स में मिल सकता है। MicroSD स्लॉट नहीं मिलेगा। बैटरी 4,500mAh से ज्यादा होगी, जिसमें फास्ट वायर्ड-वायरलेस चार्जिंग मिलेगी। कनेक्टिविटी में 5G (mmWave + Sub-6GHz), वाई-फाई 6E/7, ब्लूटूथ 5.3, NFC और UWB तकनीक शामिल होगी। फोन में USB-C पोर्ट, स्टीरियो स्पीकर्स और ई-सिम सपोर्ट मिलेगा।
iPhone Fold का कैमरा, बॉयोमेट्रिक्स, अन्य फीचर्स
फोन में ट्रिपल रियर कैमरा (वाइड, टेली, अल्ट्रावाइड), LiDAR स्कैनर, फ्रंट और कवर डिस्प्ले कैमरा दिया जा सकता है। बायोमेट्रिक्स के लिए फेस आईडी की जगह “टच आईडी” या अंडर-डिस्प्ले फिंगरप्रिंट दिया जा सकता है, जो फोल्डेबल डिज़ाइन में आसानी के लिए कई यूजर्स पसंद करेंगे। सॉफ्टवेयर के रूप में एप्पल iOS 27 (या उससे बाद का) देगा, जिसमें स्प्लिट-स्क्रीन, मल्टी-टास्किंग, ऐप कॉन्टिन्यूटी, नए जेस्चर्स और फोल्डेबल डिवाइस के लिए खास ऑप्टिमाइजेशन शामिल होंगे। डेवलपर्स को अलग से गाइडलाइंस दी जाएंगी, ताकि वे अपने ऐप्स को बेहतर तरीके से एडॉप्ट कर सकें।
निष्कर्ष: भारत में कब तक और कैसे?
iPhone Fold का भारत में लॉन्च अमेरिका और यूरोप के बाद हो सकता है, और कीमत ₹1.75 लाख से ऊपर जा सकती है। यह फोन एप्पल के सबसे अडवांस्ड डिज़ाइन, टॉप परफॉर्मेंस, नो-ऐर क्रीज़ स्क्रीन, प्रीमियम बिल्ड और नए-नए फीचर्स की वजह से चर्चा में रहेगा। हालांकि, कीमत की वजह से यह आम भारतीय खरीदारों से ज्यादा ऑफिस जाने वाले, बिजनेस टाइकून, टेक एंथुजियस्ट और क्रेजी फैन्स को ही अपनी ओर खींचेगा। यदि एप्पल इसे सही मार्केटिंग, वैरेंटी पॉलिसी, अफोर्डेबल EMI और एक्सचेंज ऑफ़र्स के साथ लाता है, तो भारत में इसकी डिमांड बढ़ सकती है। लेकिन, फिलहाल तो यह सब अनुमान है—एप्पल की ओर से जब तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं होती, तब तक iPhone Fold की यह खासियतें और असली जानकारी, दोनों ही एक बड़ी उम्मीद की तरह ही हैं।