दुर्ग-भिलाई के सेक्टर-2 स्थित डीएवी इस्पात पब्लिक स्कूल में गुरुवार को एक गंभीर हादसा हुआ जब चौथी कक्षा की पढ़ाई के दौरान अचानक छत से पंखा टूटकर गिर गया। इस दुर्घटना में एक छात्रा के सिर पर गंभीर चोट आई है। घटना के तुरंत बाद घायल छात्रा को निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया जहां चिकित्सकों द्वारा प्राथमिक उपचार के बाद उसे घर भेज दिया गया है।
यह घटना स्कूल की बिगड़ती अवसंरचना और सुरक्षा व्यवस्था में लापरवाही को उजागर करती है। भिलाई इस्पात संयंत्र से लीज पर मिले इस स्कूल की बिल्डिंग काफी पुरानी हो चुकी है और इसकी मरम्मत में स्कूल प्रबंधन द्वारा निरंतर उदासीनता दिखाई जा रही है। विशेषज्ञों का कहना है कि जर्जर हो चुकी स्कूल इमारत में बच्चों की सुरक्षा खतरे में है।
गौरतलब है कि यह पहली बार नहीं है जब इस स्कूल में ऐसी घटना घटी हो। इससे पहले 14 सितंबर 2024 को भी इसी स्कूल के एक कक्षा में छत का प्लास्टर गिरने से दो छात्रों को चोटें आई थीं। लगातार हो रही इन घटनाओं से अभिभावकों में चिंता बढ़ गई है और वे स्कूल प्रशासन से बेहतर सुरक्षा व्यवस्था की मांग कर रहे हैं।
घटना की जानकारी मिलते ही जिला शिक्षा अधिकारी अरविंद मिश्रा ने तत्काल कार्रवाई करते हुए स्कूल प्रबंधन को कड़ा नोटिस जारी किया है। इस नोटिस में स्कूल प्रबंधन को 8 अगस्त 2025 तक बिल्डिंग सेफ्टी सर्टिफिकेट प्रस्तुत करने के लिए कहा गया है। शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि यदि निर्धारित समय सीमा में सुरक्षा प्रमाण पत्र प्रस्तुत नहीं किया गया तो केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा मंडल नई दिल्ली को स्कूल की मान्यता रद्द करने का प्रस्ताव भेजा जाएगा।
स्थानीय अभिभावक संगठन के सदस्यों ने कहा कि स्कूल में बच्चों की सुरक्षा को लेकर प्रशासन की लापरवाही चिंताजनक है। उन्होंने मांग की है कि स्कूल की समस्त इमारत का तकनीकी सर्वेक्षण कराया जाए और सुरक्षा मानकों के अनुसार तुरंत मरम्मत का काम शुरू किया जाए। शिक्षा विभाग के सूत्रों के अनुसार, स्कूल परिसर में व्यापक निरीक्षण की योजना बनाई जा रही है ताकि भविष्य में इस प्रकार की दुर्घटनाओं से बचा जा सके।