ब्याज के दबाव में कांस्टेबल ने ली जान, पुलिस ने पकड़ा आरोपी

दुर्ग, छत्तीसगढ़ में हाल ही में कांस्टेबल सुरेंद्र साहू की आत्महत्या से जुड़े मामले में एक बड़ा खुलासा हुआ है। जांच के दौरान पुलिस ने इस मामले में एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस जांच में सामने आया कि कांस्टेबल साहू पर स्थानीय मनीलेंडर हरिश मिश्रा ने लगातार ब्याज के नाम पर प्रताड़ना और धमकियाँ दी थीं, जिसकी जानकारी उसके वाट्सएप (WhatsApp) और कॉल डिटेल्स से मिली है।

मामले की जानकारी के अनुसार, 6 अगस्त को कांस्टेबल साहू ने अपनी पत्नी को उसके मायके छोड़कर घर लौटा और छत के पंखे से खुद को फाँसी लगाकर अपनी जान दे दी। पुलिस ने पूछताछ में पाया कि सुरेंद्र साहू ने स्थानीय किराना दुकानदार हरिश मिश्रा से 10 लाख रुपये का कर्ज लिया था, जिसे बाद में उसने चुका भी दिया। लेकिन आरोपी हरिश मिश्रा ने ब्याज के नाम पर उसे लगातार प्रताड़ित और धमकाता रहा। कांस्टेबल की आत्महत्या के दिन भी आरोपी ने उसे फोन कॉल और मैसेज के जरिए धमकाया था। इसी प्रताड़ना और मानसिक दबाव के चलते कांस्टेबल ने अपनी जान ले ली।

जांच में आगे पता चला कि आरोपी हरिश मिश्रा पहले भी मिलाई भट्टी पुलिस स्टेशन में लोन एक्ट के एक मामले में गिरफ्तार किया जा चुका है। वह हमेशा हिंसा और गैर-कानूनी वसूली के मामलों में शामिल रहा है। भिलाई नगर और टिल्डा नेवरा क्षेत्र में उसकी वजह से दो अलग-अलग दुर्घटनाओं में दो लोगों की मौत भी हो चुकी है। फिलहाल, पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है और कर्ज से जुड़ी डायरी भी जब्त कर ली गई है।

इस पूरे मामले से स्पष्ट है कि कर्ज और ब्याज के नाम पर दबाव, धमकियाँ और प्रताड़ना गंभीर अपराध हैं, जो किसी की जान ले सकते हैं। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर कार्रवाई की है। अब आगे की जाँच में दोषियों के खिलाफ सख्त एक्शन की उम्मीद है ताकि ऐसी दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाया जा सके।

डब्ल्यूएचओ के अनुसार, प्रताड़ना और तनाव के कारण होने वाली आत्महत्याएँ एक बड़ी सामाजिक समस्या हैं, जिस पर समाज और प्रशासन दोनों को मिलकर काम करना होगा। यह मामला हम सबके लिए सबक है कि किसी को भी कर्ज या किसी दूसरे के दबाव में आकर ऐसा कदम नहीं उठाना चाहिए, बल्कि पुलिस और प्रशासन से मदद लेनी चाहिए।

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top