जशपुर (छत्तीसगढ़): छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले में पुलिस ने एक बड़ी अंतरराज्यीय शराब तस्करी रैकेट का पर्दाफाश किया है। पुलिस की कार्रवाई में ₹51 लाख मूल्य की 6,588 लीटर अंग्रेजी शराब जब्त की गई है, जिसे बिहार के चुनावी इलाकों में पहुंचाने की साजिश रची जा रही थी।
ऑपरेशन ‘आघात’ के तहत मिली कामयाबी: थाना सिटी कोतवाली क्षेत्र के ग्राम आगडीह में नेशनल हाइवे 43 पर मुखबिर की सूचना के आधार पर पुलिस ने नाकाबंदी की। जांच में उत्तर प्रदेश नंबर UP12AT1845 के ट्रक से 734 कार्टून में छुपाकर रखी गई अंग्रेजी शराब बरामद हुई। पुलिस ने ट्रक चालक चीमा राम (26 वर्ष, बाड़मेर, राजस्थान) को गिरफ्तार किया है।
2100 किमी का था तस्करी का रूट: जांच में खुलासा हुआ है कि यह शराब पंजाब के चंडीगढ़ से मंगाई गई थी। इसका रूट चंडीगढ़ से रांची (झारखंड) होते हुए जशपुर पहुंचा था, जहां से इसे बिहार के लिए रवाना किया जाना था। कुल मिलाकर तस्करों को 2100 किलोमीटर का सफर तय करना था। तस्कर अलग-अलग ड्राइवरों की मदद से इस खेप को सुरक्षित पहुंचाने की योजना बना रहे थे।
चुनावी शराब की आशंका: पुलिस सूत्रों के अनुसार, यह शराब बिहार में आगामी चुनावी गतिविधियों के दौरान खपाने के लिए भेजी जा रही थी। बिहार में पूर्ण शराबबंदी होने के कारण यहां अवैध शराब की मांग काफी ज्यादा है और तस्कर इसका फायदा उठाकर बड़े मुनाफे की उम्मीद कर रहे थे।
बड़े सिंडिकेट की आशंका: यह मामला केवल एक अकेली घटना नहीं है। पुलिस को शक है कि इसके पीछे एक बड़ा अंतरराज्यीय सिंडिकेट काम कर रहा है, जो कई राज्यों से होकर बिहार में शराब की तस्करी कर रहा है। इससे पहले भी फरवरी 2024 में जशपुर पुलिस ने इसी पैटर्न की एक बड़ी तस्करी का मामला पकड़ा था।
जब्त संपत्ति का ब्योरा: पुलिस ने बताया कि जब्त की गई शराब की कीमत लगभग ₹51 लाख है और ट्रक की अनुमानित कीमत ₹16 लाख है। इस तरह कुल ₹67 लाख की संपत्ति जब्त की गई है। पुलिस इस मामले में और गिरफ्तारियों की संभावना जता रही है।
सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट: इस घटना के बाद छत्तीसगढ़ और बिहार की सीमा पर सुरक्षा एजेंसियों ने चेकपोस्ट बढ़ाए हैं। चुनावी माहौल में शराब तस्करी रोकने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। पुलिस का कहना है कि वे इस तरह की तस्करी पर कड़ी नजर रखे हुए हैं और समय रहते कार्रवाई कर तस्करों के इरादों को नाकाम करने में सफल हो रहे हैं।